भूलेख UP

2 मिनट का आर्टिकल

उत्तर प्रदेश की राज्य सरकार ने अपने सभी भूमि रिकॉर्ड को डिजिटल बना दिया है. इससे राज्य के निवासियों को, भूमि के स्वामित्व की जानकारी और संबंधित सर्विसेज़ का ऑनलाइन एक्सेस मिलता है. भूस्वामी, प्रॉपर्टी के खरीदार, विक्रेता और क्रॉस वेरिफिकेशन में शामिल व्यक्ति, इन विवरणों को भूलेख UP के जरिए आसानी से एक्सेस कर सकते हैं. भूलेख, भूमि या प्रॉपर्टी के प्लॉट से संबंधित सभी लिखित जानकारी दर्शाता है.

भूलेख UP, उत्तर प्रदेश राज्य की राजस्व परिषद द्वारा तैयार की गई एक सरकारी वेबसाइट है. यह राज्य की भौगोलिक सीमाओं के भीतर भूमि रिकॉर्ड के एक्सेस और सत्यापन के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म के रूप में काम करती है. इसे 2 मई, 2016 को शुरू किया गया था.

भूलेख उत्तर प्रदेश के परिचय ने राज्य में विभिन्न प्रणालियों के तहत भूमि रिकॉर्ड रखने से संबंधित सभी मैनुअल कार्यों को समाप्त कर दिया है.

भूलेख यूपी के लाभ

भूलेख यूपी पोर्टल यूज़र को निम्नलिखित लाभ प्रदान करता है

  • खरीदारों, विक्रेताओं और भूमि के मालिकों के लिए, भूमि के विवरण का एक्सेस आसान हो जाता है. रिकॉर्ड से लेकर मानचित्र या भू नक्शा UP से संबंधित सभी जानकारी एक ही स्थान पर मिलती है
  • यह सिस्टम पहले से कहीं अधिक पारदर्शी है. इससे भूमि पर अवैध कब्जा, मुकदमों, अपराध, नाबालिगों के शोषण, या किसी अन्य भूमि स्वामित्व से संबंधित उत्पीड़न की संभावना कम हो जाती है
  • यूज़र ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से अपनी भूमि से संबंधित किसी भी नए रिकॉर्ड को अपडेट कर सकते हैं
  • भूमि से संबंधित सभी विवरण, केवल खसरा खतौनी नंबर प्रदान करके एक्सेस किए जा सकते हैं
  • राज्य में भूस्वामियों को अब राजस्व विभाग के ऑफिस का चक्कर लगाने या भूमि से संबंधित विवरण प्राप्त करने के लिए पटवारी के पास जाने की आवश्यकता नहीं है. केवल कुछ आसान क्लिक से ये काम किए जा सकते हैं, जिससे समय की बचत हो सकती है

भूलेख यूपी की विशेषताएं

यूज़र उत्तर प्रदेश की भूलेख वेबसाइट की निम्नलिखित विशेषताओं के माध्यम से भूमि से संबंधित विवरण और सेवाओं को एक्सेस कर सकते हैं.

  • इस राज्य में प्रॉपर्टी खरीदने के दौरान भूमि के स्वामित्व का सत्यापन
  • भूमि स्वामित्व डॉक्यूमेंट का एक्सेस और आसानी से डाउनलोड करने की सुविधा. ऐसे स्वामित्व डॉक्यूमेंट का उपयोग सरकारी नौकरी में शामिल होने, आय/जाति प्रमाणपत्र तक पहुंचने आदि जैसी विभिन्न घटनाओं के दौरान प्रमाण के रूप में किया जा सकता है
  • UP भू नक्शा डाउनलोड
  • भूमि रिकॉर्ड से संबंधित इन जानकारियों के लिए एक्सेस:
    खसरा नंबर, खतौनी नंबर, खेवत या खाता नंबर, जमाबंदी
  • भूमि स्वामित्व से संबंधित विवरण जैसे मालिक का नाम और नंबर, भूमि का आकार, प्रॉपर्टी ट्रांज़ैक्शन का इतिहास, मॉरगेज और थर्ड-पार्टी क्लेम, अगर कोई हो, आदि का एक्सेस

भूलेख उत्तर प्रदेश के लाभार्थी

उत्तर प्रदेश का कोई भी नागरिक, जो भूलेख UP से जानकारी या सर्विस के लिए आवश्यकता दर्ज करता है और अनुरोध करता है, वह इस पोर्टल के माध्यम से प्रदान की जाने वाली सुविधाओं का लाभार्थी है. भूस्वामी, खरीदार और विक्रेता के साथ लाभार्थी भी क्रॉस वेरिफिकेशन के उद्देश्य से, संबंधित भूमि के विवरण का अनुरोध कर सकता है. इसमें कोई ऐसा रियल एस्टेट एजेंट, फाइनेंशियल संस्थान शामिल हो सकता है, जो किसी भूमि को मॉरगेज़ करने के बदले लोन के मूल्यांकन को प्रोसेस कर रहा हो.

भू नक्षा UP को ऑनलाइन कैसे देखें

केवल कुछ चरणों का पालन करके, उत्तर प्रदेश के किसी भी भूमि के भूलेख नक्शे को देखें

  • भूलेख UP की अधिकृत वेबसाइट पर जाएं
  • आगे बढ़ने के लिए गांव, तहसील और जिले जैसे आवश्यक विवरण प्रदान करें
  • इसके बाद, विभिन्न प्लॉट पर चिह्नित फार्म नंबरों के साथ भूमि का एक नक्शा प्रदर्शित किया जाएगा
  • अकाउंट होल्डर का नाम देखने के लिए संबंधित फार्म नंबर पर क्लिक करें
  • UP का भूलेख नक्शा देखने के लिए संबंधित अकाउंट नंबर चुनने के लिए आगे बढ़ें.

जब संबंधित भूमि के प्लॉट का मैप स्क्रीन पर दिखाई देता है, तो यूज़र इसे डाउनलोड कर सकते हैं और/या भविष्य के संदर्भ के लिए प्रिंटआउट ले सकते हैं.

भूलेख यूपी पर लैंड रिकॉर्ड कैसे चेक करें

भूलेख उत्तर प्रदेश पोर्टल के माध्यम से भूमि के रिकॉर्ड को एक्सेस करने के लिए इन चरणों पालन करें

  • भूलेख UP के अधिकृत पोर्टल पर जाएं
  • होम पेज पर उपलब्ध 'अधिकार रिकॉर्ड की नकल' या 'खतौनी की नकल देखें' विकल्प चुनें
  • रीडायरेक्ट किए गए पेज पर, स्क्रीन पर दिए गए कैप्चा दर्ज़ करके अपने एक्सेस के लिए सत्यापन करें
  • इसके बाद, प्रत्येक विवरण ड्रॉपडाउन से, संबंधित भूमि के लिए उपयुक्त ग्राम/गांव, तहसील और जिला चुनें
  • सही खसरा/खाता नंबर या खातेदार (मालिक) का विवरण दर्ज करने के लिए आगे बढ़ें
  • सभी विवरण सही से दर्ज़ करने के बाद, भूमि के रिकॉर्ड देखने के लिए 'खोजें' विकल्प पर क्लिक करें

भूमि के रिकॉर्ड के साथ उसके सभी ट्रांज़ैक्शन दिखाई देंगे, जिसमें बिक्री, खरीद, मॉरगेज़ आदि शामिल हैं. यूज़र समान प्रोसेस के माध्यम से राजस्व ग्राम कोड, प्लॉट कोड आदि जैसे भूमि से संबंधित अन्य विवरण भी देख सकते हैं. आसानी से एक्सेस के लिए खाता नंबर, खसरा नंबर और खातेदार के नंबर जैसे विवरण के साथ भूलेख UP पोर्टल पर जाएं.

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भूलेख यूपी के लिए अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

खसरा क्या है?

खसरा, भूमि के कृषि भूखंडों को विशेष रूप से उत्तर प्रदेश राज्य सरकार द्वारा प्रदान किया गया प्लाट नंबर या सर्वे नंबर है.

खतौनी क्या है?

राज्य सरकार द्वारा भूमि के एक हिस्से (प्लॉट) पर खेती करने वाले काश्तकारों के समूह को, खतौनी के रूप में एक विशिष्ट संख्या आवंटित की जाती है.

UP भूलेख खतौनी का किस तरह इस्तेमाल किया जा सकता है?

UP भूलेख खतौनी का उपयोग भूमि से संबंधित ट्रांज़ैक्शन के दौरान स्वामित्व के सत्यापन के लिए किया जा सकता है, सरकारी नौकरी में शामिल होने के दौरान स्वामित्व का डॉक्यूमेंटेशन, आय प्रमाणपत्र प्राप्त करने, जाति प्रमाणपत्र पाने आदि के लिए किया जा सकता है. यह, किसी जमीन की बिक्री या खरीद के दौरान उसकी कीमत की गणना करने में भी मदद करता है.

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